वन मंत्री सुबोध उनियाल ने नन्दा देवी बायोडायवर्सिटी मॉनिटरिंग एक्सपीडिशन-2026 को किया रवाना*
*नन्दा देवी की जैव विविधता के संरक्षण और वैज्ञानिक अध्ययन की दिशा में बड़ा कदम*
बदलता गढ़वाल न्यूज,
ज्योतिर्मठ।
रविवार को वन विश्राम भवन, ज्योतिर्मठ में वन मंत्री श्री सुबोध उनियाल ने “नन्दा देवी बायोडायवर्सिटी मॉनिटरिंग एक्सपीडिशन-2026” को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया।
नन्दा देवी राष्ट्रीय पार्क वन प्रभाग, जोशीमठ द्वारा आयोजित यह अभियान हिमालयी क्षेत्र की अद्वितीय जैव विविधता के वैज्ञानिक दस्तावेजीकरण, संरक्षण एवं दीर्घकालिक मॉनिटरिंग की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है, जो भविष्य की संरक्षण रणनीतियों को वैज्ञानिक आधार प्रदान करेगा।
इस अवसर पर वन मंत्री श्री सुबोध उनियाल ने कहा कि नन्दा देवी क्षेत्र हिमालयी जैव विविधता का एक अनमोल प्राकृतिक खजाना है, जो दुर्लभ वन्यजीवों, वनस्पतियों एवं पारिस्थितिक तंत्रों का महत्वपूर्ण आवास है।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार के वैज्ञानिक अभियान न केवल जैव विविधता के संरक्षण में सहायक होते हैं, बल्कि जलवायु परिवर्तन एवं पर्यावरणीय चुनौतियों के प्रभावों को समझने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
उन्होंने अभियान में शामिल वैज्ञानिकों, शोधकर्ताओं, आईटीबीपी, एसडीआरएफ तथा वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की सराहना करते हुए कहा कि उनका समर्पण और शोध कार्य हिमालयी पारिस्थितिकी के संरक्षण में मील का पत्थर सिद्ध होगा। उन्होंने सभी प्रतिभागियों को सफल एवं सुरक्षित अभियान के लिए शुभकामनाएं दीं।
वन मंत्री ने वाइल्डलाइफ इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के पूर्व डीन एवं वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. जी.एस. रावत के योगदान की विशेष प्रशंसा करते हुए कहा कि उनका अनुभव और मार्गदर्शन युवा वैज्ञानिकों एवं वन अधिकारियों के लिए प्रेरणास्रोत है।
उन्होंने कहा कि नन्दा देवी बायोडायवर्सिटी मॉनिटरिंग एक्सपीडिशन को प्रत्येक पांच वर्ष में आयोजित किए जाने का प्रस्ताव रखा जाएगा, ताकि अधिक से अधिक वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं को इस महत्वपूर्ण पहल से जुड़ने का अवसर प्राप्त हो सके।
प्रमुख वन संरक्षक (HOFF) एवं प्रमुख वन्यजीव प्रतिपालक उत्तराखण्ड रंजन कुमार मिश्र ने अभियान दल का उत्साहवर्धन करते हुए सफल एवं सुरक्षित अभियान के लिए शुभकामनाएं दीं तथा कहा कि इस प्रकार के वैज्ञानिक अध्ययन प्रदेश की जैव विविधता संरक्षण रणनीति को और अधिक सशक्त बनाने में सहायक होंगे।
कार्यक्रम के दौरान अभियान में प्रतिभाग करने वाले विभिन्न संस्थानों के वैज्ञानिकों, आईटीबीपी, एसडीआरएफ तथा वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों को सम्मानित भी किया गया।
इस अवसर पर अपर प्रमुख वन संरक्षक डॉ. विवेक पाण्डेय, निदेशक एवं वन संरक्षक पंकज कुमार,मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, प्रभागीय वनाधिकारी नन्दा देवी राष्ट्रीय पार्क अभिमन्यु, महानिरीक्षक आईटीबीपी अखिलेश रावत, उप जिलाधिकारी ज्योतिर्मठ चन्द्रशेखर वशिष्ठ, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ अभिषेक गुप्ता, पुलिस उपाधीक्षक मदन सिंह बिष्ट, श्री बद्री-केदार मंदिर समिति के उपाध्यक्ष ऋषि प्रसाद सती सहित अन्य जनप्रतिनिधि, विभागीय अधिकारी, वैज्ञानिक एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।